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Monday, February 17, 2020

पानी के छींटे गिरने से बौखलाए रेंजर ने दिया वनकर्मियों को गोली चलाने का आदेश फायरिंग में एक दलित की मौत, एक घायल

करैरा (शिवपुरी)। मध्य प्रदेश के शिवपुरी जिले में हैण्डपंप पर पानी भर रहीं दलित महिलाओं द्वारा पानी के छींटे फॉरेस्ट रेंजर पर पड़ने के मामले में हुए विवाद में वनकर्मियों ने रविवार को कथित रूप से कुछ लोगों पर फायरिंग कर दी, जिससे एक दलित व्यक्ति की गोली लगने से मौत हो गई, जबकि उसका भाई गोली के छर्रे से गम्भीर रूप से घायल हो गया. पुलिस ने इस मामले में करैरा वन विभाग में पदस्थ फॉरेस्ट रेंजर, डिप्टी रेंजर सहित 15 वनकर्मियों पर हत्या, हत्या का प्रयास, मारपीट, बलवा और अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति अत्याचार निवारण अधिनियम के तहत प्रकरण पंजीबद्ध कर लिया है. आरोपियों में एक महिला वनकर्मी भी शामिल है.
करैरा पुलिस थाना प्रभारी राकेश शर्मा ने बताया कि ग्राम फतेहपुर निवासी सरोज (28) ने पुलिस में दर्ज कराई शिकायत में आरोप लगाया कि रविवार दोपहर 2:30 बजे जब वह अपनी चचिया सास ममता, दोनों पुत्रियों काजल और नंदनी के साथ वन विभाग के चौकी के पास बने हैण्डपंप पर पानी भर रहीं थीं, तभी वहां पदस्थ रेंजर सुरेश शर्मा हाथ में पानी की बोतल लेकर हैण्डपंप पर आ खड़े हुए. हैण्डपंप पर काजल बर्तन धो रही थी जिसके पानी के छींटे रेंजर शर्मा पर चले गए. उन्होंने कहा कि शिकायत के अनुसार पानी के छींटे पड़ते ही रेंजर ने आपा खो दिया और महिलाओं को गालियां देने लगे, जब उन्हें गाली देने से मना किया तो वन विभाग की एक महिला कर्मचारी ने आते ही सरोज और उसकी पुत्री ममता को चांटे मारना शुरू कर दिया और बाल पकड़कर घसीट दिया.
शर्मा ने कहा कि फरियादी के अनुसार इसी बीच दूसरी लड़की काजल दौड़कर पास ही स्थिति अपने घर गई और अपने पिता मदन और चाचा पंकज को बुलाया. इसी बीच डिप्टी रेंजर राठौर, वनकर्मी रवि शर्मा, रवि बाथम, मुकेश बाथम, रामेश्वर रावत, नंदराम जाटव, गणेश गौतम, सरदार परगट सिंह आदि हाथों में बंदूक लिए थे और इनके साथ चार अन्य लोग भी थे. उन्होंने कहा कि सरोज का आरोप है कि उसके पति मदन और देवर पंकज को उक्त लोगों ने घेर लिया और इन लोगों की बंदूक के बटों, लात घुसों से मारपीट शुरू कर दी. बचने के लिए जब मदन और पंकज वहाँ से भागे तो रेंजर सुरेश शर्मा ने इन्हें गोली मारने का आदेश दिया.
उन्होंने कहा कि महिला का आरोप है कि भागते समय रेंजर सुरेश शर्मा, वनकर्मी मुकेश बाथम, रवि बाथम आदि ने बंदूक से फायरिंग कर डाली. एक गोली मदन की पीठ में लगी और वह मौके पर गिर गया, जबकि पंकज बाल्मीक के कंधे में गोली के छर्रे लगे हैं. शर्मा ने कहा कि मौके पर गांव के तमाम लोग एकत्र हो गए थे और घायल मदन तथा पंकज को ग्रामीण अस्पताल ले जाने लगे, लेकिन रास्ते में मदन ने दम तोड़ दिया. वहीं पंकज को अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उसकी स्थिति गंभीर बनी हुई है. वहीं थाना प्रभारी शर्मा ने बताया कि पुलिस ने रेंजर सुरेश शर्मा, एक महिला वनकर्मी, डिप्टी रेंजर राठौर सहित 15 वन विभाग के कर्मचारियों के खिलाफ मुकदमा पंजीबद्ध किया है। सभी आरोपी फरार हैं.
हैंडपंप से पानी भरने को लेकर हुआ था विवाद:-
करैरा स्थित फतेहपुर नाके पर रविवार को हुई गोलीबारी के पीछे हैंडपंप से पानी भरने का विवाद बताया जा रहा है। फतेहपुर ग्राम में फॉरेस्ट चौकी के पास बने हैंडपंप से पानी भरने को लेकर हुई गोली बारी में मदन पुत्र महत्तम वाल्मीकि निवासी फतेहपुर की मौत हो गई, जबकि उसका भाई पंकज गंभीर रूप से घायल हो गया। इसका करैरा अस्पताल में उपचार किया जा रहा है।
वन अमले पर किया पथराव:-
करैरा वन विभाग के रेंजर और वन कर्मियों का कहना था कि रविवार की दोपहर जब उनकी टीम सरकारी क्वाटर पर गधाई वीट में पदस्थ महत्तम वाल्मीकि द्वारा किए गए कब्जे को हटाने गए थे, तभी फतेहपुर वन चौकी पर महत्तम के बेटों और परिजनों ने मिलकर वन अमले पर पथराव शुरू कर दिया था। वह किसी तरह अपनी जान बचाकर भागे। पथराव में कुछ वनकर्मी चोटिल भी हो गए।
इन पर दर्ज हुआ हत्या का केस:-
करैरा पुलिस ने हत्या के इस मामले में मृतक की पत्नी सरोज की शिकायत पर रेजर एसके शर्मा, डिप्टी रेंजर राठौर, रवि शर्मा, रवि बाथम, मुकेश बाथम, रामेश्वर रावत, नंदराम जाटव, गणेश गौतम, सरदार पगरट सिंह, एक महिला वनकर्मी सहित वन विभाग के 4 अन्य लोगों के खिलाफ हत्या सहित अन्य धाराओं में केस दर्ज कर लिया है।
रेंजर बोले-भाई की गोली से गई मदन की जान:-

रेंजर एसके शर्मा का कहना है कि मदन के पिता महत्तम वाल्मीकि गधाई वीट में वनकर्मी है। उसने काफी दिनों से सरकारी क्वाटर पर कब्जा कर रखा था, जिसे हटाने के लिए नोटिस भी दिया गया था, लेकिन रविवार को वन विभाग के एसडीओ सहित टीम मौके पर गई थी। जब गार्ड को महत्तम को बुलाने के लिए भेजा तो महत्तम घर पर नहीं मिला, लेकिन उसके बेटे मदन और पंकज ने गार्ड से सरकारी बंदूक छीन ली, जिसकी जानकारी गार्ड ने दी तो वन अमला मौके पर पहुंचा और इनसे बंदूक वापस ली। पंकज अपने घर से देशी अधिया बंदूक लेकर आ धमका और उसने फायरिंग शुरू कर दी, जिससे गोली मदन को जा लगी और उसकी मौत हो गई। वहीं एक गार्ड घायल हो गया। शिवपुरी कोतवाली पहुंचकर जमा की सरकारी बंदूक वन अमले की टीम करैरा थाने से सीधे एसपी ऑफिस पहुंचे। एसपी राजेश चंदेल को मामले की जानकारी दी, जिसके बाद एसपी ने शिवपुरी कोतवाली में वन अमले की बंदूक को जमा करवाया है। वन अधिकारियों का दावा है कि उनकी सरकारी बंदूक से गोली चली ही नहीं है। इसलिए इसकी जांच की जाए।